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Love Diaries

जेब में रखी कुछ यादें

अकसर पुरानी अलमारियों में जाने कितनी यादें बंद होती हैं. उन अलमारियों को खोलना पुराने दिनों में वापस लौटना होता है, वापस उन दिनों...

परछाइयों सी होती हैं यादें…

मेरे साथ अकसर रातों में ऐसा होता है, किसी सपने के वजह से आधी रात में नींद टूट जाती है, और मैं एकदम हड़बड़ा...

तेरे जाने की घड़ी बड़ी सख्त घड़ी है

तुम्हारे जाने की घड़ी बहुत सख्त घड़ी होती है - ये तुम कहा करती थी. याद है न कैसे गुलज़ार साहब की इस नज़्म...

दिल्ली डायरी (४)

जनवरी का ये आखिरी दिन है. मैं कॉफ़ी होम में बैठ कर कुछ तारीखें याद कर रहा हूँ. कुछ खत याद आ रहे हैं,...

एक खाली सा दिन

सुबह के छः बज रहे थे. हमेशा की तरह आज भी वो अलार्म बजने के पहले ही जाग गया था. जाड़ों की सुबह इतनी...

सफ़र की शुरुआत…

ज़िन्दगी की कुछ अच्छी चीज़ों की शुरुआत युहीं हो जाती है...अचानक ही. मेरे लिए लिखने की शुरुआत ऐसे ही हुई थी...एकदम रैंडमली...युहीं बातों बातों...

होटल की एक रात

चंडीगढ़...द सिटी ब्यूटीफल अपने प्रिय मित्र की सगाई के मौके पर मैं चंडीगढ़ आया हूँ.पहली बार में ही ये शहर भा गया मुझे.चंडीगढ़ में बस ने...

दिल्ली डायरी ३

-- दिल्ली डायरी १ -- दिल्ली डायरी २ --मैं बहुत खुश था, कुछ दिन पहले तक जिन परेसनियों से मैं घिरा रहा था, उनसे...

दिल्ली डायरीज : २

दिल्ली डायरीज : १ से आगे ऑटो वाले ने हमें सीधा पालिका बाजार के सामने वाली सड़क के पास छोड़ा था.ऑटो वाले को मैं पैसे...